कुछ लिखा है पढना चाहोगे :-)
Saturday, 4 May 2019
शायरी 43
शायरी
सभी के ख्वाबों से लगभग गायब सा हो गया हूँ मैं।
उनकी बातों में लगभग शायद सा हो गया हूँ मैं।
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